सामग्री पर जाएँ
मुख्य मेन्यू
मुख्य मेन्यू
साइडबार पर ले जाएँ
छिपाएँ
मार्गदर्शन
मुखपृष्ठ
हाल में हुए बदलाव
बेतरतीब पृष्ठ
मीडियाविकि के बारे में सहायता
भारतपीडिया
खोजें
खोजें
दिखावट
खाता बनाएँ
लॉग-इन करें
व्यक्तिगत उपकरण
खाता बनाएँ
लॉग-इन करें
लॉग-आउट किए गए संपादकों के लिए पृष्ठ
अधिक जानें
योगदान
वार्ता
"
तीव्रग्राहिता
" (अनुभाग) सम्पादित करें
पृष्ठ
चर्चा
हिन्दी
पढ़ें
सम्पादित करें
स्रोत सम्पादित करें
इतिहास देखें
उपकरण
उपकरण
साइडबार पर ले जाएँ
छिपाएँ
क्रियाएँ
पढ़ें
सम्पादित करें
स्रोत सम्पादित करें
इतिहास देखें
सामान्य
कड़ियाँ
पृष्ठ से जुड़े बदलाव
विशेष पृष्ठ
पृष्ठ की जानकारी
दिखावट
साइडबार पर ले जाएँ
छिपाएँ
चेतावनी:
आपने लॉग-इन नहीं किया हुआ है। अगर आप सम्पादन करते हैं तो इस पृष्ठ के सम्पादन इतिहास में आपका IP पता दृश्य होगा। अगर आप
लॉग-इन
करते हैं या
खाता बनाते हैं
तो दूसरी सुविधाओं के साथ-साथ आपके सम्पादनों का श्रेय आपके सदस्यनाम पर दिया जाएगा।
ऐन्टी-स्पैम जाँच। इसे
नहीं
भरें!
=== इपाइनेफ्राइन === [[चित्र:Epipen.jpg|thumb|एपीपेन स्वचालित-सुई लगाने वाले उपकरण का एक पुराना संस्करण]] इपाइनेफ्राइन (एड्रेनालाइन) एनाफाइलैक्सिस के लिए प्राथमिक उपचार है। इसका उपयोग (सम्पूर्ण कॉन्ट्राइंडीकेशन नहीं) न करने का कोई कारण नहीं है।<ref name=Review09/> इस बात की सिफारिश की जाती है कि जैसे ही एनाफाइलैक्सिस की संदिग्ध स्थिति की पहचान हो, मध्य अग्रपार्श्विक (एंटोरोलेटरल) जांघ में इपाइनेफ्राइन तरल का इंजेक्शन दिया जाए।<ref name=World11/> यदि व्यक्ति उपचार के प्रति बेहतर प्रतिक्रिया न दे तो इस इंजेक्शन को प्रत्येक 5 से 15 मिनट में दुहराया जाए जाता है।<ref name=World11/> 16 से 35% मामलों में दूसरी खुराक की आवश्यकता पड़ती है।<ref name=CEA11/> दो से अधिक खुराकों की आवश्यकता बहुत ही कम मामलों में पड़ती है।<ref name=World11/> त्वचा के नीचे दिए जाने वाले इंजेक्शन (सबक्यूटेनस एडमिनिस्ट्रेशन) के मुकाबले नसों में दिए जाने वाले इंजेक्शन (अंतःपेशीय एडमिनिस्ट्रेशन) को प्राथमिकता दी जाती है जिसमें, दवा को अत्यंत धीमी गति से अवशोषित किया जा सकता है।<ref name=Epi10>{{cite journal|last=Simons|first=KJ|author2=Simons, FE|title=Epinephrine and its use in anaphylaxis: current issues.|journal=Current opinion in allergy and clinical immunology|date=2010 Aug|volume=10|issue=4|pages=354–61|pmid=20543673}}</ref> इपाइनेफ्राइन से होने वाली छोटी-मोटी समस्याओं में झटके, बेचैनी, सिरदर्द और धुकधुकी शामिल हैं।<ref name=World11/> इपाइनेफ्राइन ऐसे लोगों पर प्रभावी नहीं होती है जो बी-ब्लॉकर लेते हैं।<ref name=CEA11/> इस स्थिति में, अगर इपाइनेफ्राइन प्रभावी नहीं हो तो नसों में ग्लूकागॉन दिया जा सकता है। ग्लूकागॉन में ऐसी कार्य प्रणाली है जिसमें β-अभिग्राहक (ग्राही) शामिल नहीं होते हैं।<ref name=CEA11/> अगर आवश्यक हो तो तनु-तरल (द्रव को पतला करके) का उपयोग करके इपाइनेफ्राइन को नसों में (इंट्रावेनस) भी दिया जा सकता है। हलांकि, इंट्रावेनस इपाइनेफ्राइन को दिल की अनियमित धड़कनों (डाईस्रीथिमिया) और ह्रदयाघातों (मायोकार्डियल इंफारक्शन) से जोड़ा गया है।<ref>{{cite journal|last=Mueller|first=UR|title=Cardiovascular disease and anaphylaxis.|journal=Current opinion in allergy and clinical immunology|date=2007 Aug|volume=7|issue=4|pages=337–41|pmid=17620826}}</ref> एनाफाइलैक्सिस से पीड़ित व्यक्तियों को नसों में खुद ही इपाइनेफ्राइन इंजेक्ट करने की सुविधा प्रदान करने वाला इपाइनेफ्राइन ऑटो इंजेक्टर आम तौर पर दो तरह की खुराकों में उपलब्ध है, एक 25 कि.ग्रा. से अधिक वजन वाले वयस्क या बच्चों के लिए और दूसरा ऐसे बच्चों के लिए, जिनका वजन 10 से 25 कि.ग्रा. के बीच हो।<ref>{{cite journal|last=Sicherer|first=SH|author2=Simons, FE, Section on Allergy and Immunology, American Academy of, Pediatrics|title=Self-injectable epinephrine for first-aid management of anaphylaxis.|journal=Pediatrics|date=2007 Mar|volume=119|issue=3|pages=638–46|pmid=17332221}}</ref>
सारांश:
भारतपीडिया पर किया कोई भी योगदान अन्य सदस्यों द्वारा बदला जा सकता है और हटाया भी जा सकता है। अगर आपको अपने लिखे हुए पाठ में संपादन होना नामंजूर है तो यहाँ पर न लिखें।
आप हमें यह भी वचन देतें हैं कि यह आपने स्वयं लिखा है अथवा सार्वजनिक क्षेत्र या किसी समान मुक्त स्रोत से प्रतिलिपित किया है (अधिक जानकारी के लिये
भारतपीडिया:कॉपीराइट
देखें)।
कॉपीराइट सुरक्षित कार्यों को बिना अनुमति के यहाँ न डालें!
रद्द करें
सम्पादन सहायता
(नए विंडो में खुलता है)