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=== एकघात बीजीय समीकरण साधक === इंजीनियरी की अनेकों समस्याओं और सांख्यिकी न्यास के सहसंबंध निर्धारण आदि में निम्नलिखित रूप से एकघात समीकरण निकाय को हल करना होता है। क०.+क.१ य१+क.२ य२.... क.म यम=. क10+क११ य१+क१२ य२.... कम=० कम.+कम१ य१+कम२ य२.... कमम यम=० जहाँ क दी हुई संख्याएँ हैं और य ओं के वे मान ज्ञात करने हैं जो इन समीकरणों को संतुष्ट करते हैं। इन समीकरणों को हल करने के लिये समुचित उपकरणिका की अभिकल्पना में अत्यंत विद्वत्ता और परिश्रम से काम करना पड़ा है और कुछ सिद्धांतत: शुद्ध उपकरणिकाएँ बनी भी हैं, किंतु इनका प्रयोग करने में समय अधिक लगता है और इतना यथार्थ हल नहीं मिलता। इस कारण ये अधिक प्रचलित नहीं हुईं। इनका आधार बटखरों अथवा कमानियों के बलों का संतुलन अथवा एक दूसरे से जुड़े हुए बरतनों में भरे द्रव का स्तर (level) है। जोहैन बी. विलबर द्वारा सन् १९३६ में बनाए गए एकघात समीकरण साधक का आधार यांत्रिक विस्थापनों का संकलन था। इसकी सहायता से दस अज्ञात राशियों के मान निर्धारित किए जा सकते हैं, जो महत्तम अज्ञात राशि के १प्रतिशत के भीतर की यथार्थता के हैं। सन १९३३ में आर. आर. एम. मैलॉक ने एकघात समीकरण निकाय को हल करने के लिए एक विद्युद्यंत्र बनाया। इसे सुधारकर कैंब्रिज इंस्टुमेंट कंपनी ने विलबर जैसी क्षमता की उपकरणिका बनाई जिससे असंगत समीकरण निकाय का न्यूनतम वर्ग हल भी मिल जाता है। मैलॉक यंत्र विद्युत परणामित्र (ट्रांसफार्मर) और बंद विद्युत्परिपथों का बना होता है, जिनमें से प्रत्येक परिणामित्र एक अज्ञात राशि के लिये है और प्रत्येक परिपथ एक समीकरण के लिये।
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