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=== न्यायिक हिरासत में === फिलहाल आसाराम [[जोधपुर]] की जेल में बन्द हैं और जमानत के लिये प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने अपनी जमानत के लिये [[राम जेठमलानी]] को अपना वकील नियुक्त किया। [[राजस्थान उच्च न्यायालय]] में जेठमलानी द्वारा यह दलील दी गयी कि आरोप लगाने वाली लड़की बालिग है व मानसिक रूप से विक्षिप्त है तथा उनके मुवक्किल (आसाराम) को एक साजिश के तहत फँसाया गया है। टीवी चैनल पर यह समाचार देखते ही [[शाहजहाँपुर]] में रह रही पीड़ित बालिका ने आहत होकर अपने [[पिता|बाप]] से कहा कि वह अब जीना नहीं चाहती। पीड़िता के पिता ने कहा कि आसाराम को तो सजा न्यायालय से मिलेगी लेकिन उनकी बेटी पर मिथ्या आरोप लगाने वाले वकील को ईश्वर की अदालत में दण्ड मिलेगा।<ref>{{cite news|title=आसाराम के वकील का बयान सुन पीड़िता बोली, पापा अब मैं जीना नहीं चाहती..|url=http://www.jagran.com/news/national-papanow-i-dont-want-to-live-10736466.html|newspaper=[[दैनिक जागरण]]|date=19 सितम्बर 2013|accessdate=19 सितम्बर 2013|archive-url=https://web.archive.org/web/20140123003156/http://www.jagran.com/news/national-papanow-i-dont-want-to-live-10736466.html|archive-date=23 जनवरी 2014|url-status=live}}</ref> बहरहाल, अदालत ने आगामी 1 अक्टूबर 2013 तक का वक्त [[राम जेठमलानी|जेठमलानी]] को सबूत जुटाने के लिये दिया। 1 अक्टूबर 2013 को [[न्यायाधीश]] निर्मलजीत कौर की अदालत में सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से आरोप लगाया गया कि आसाराम [[बाल यौन शोषण (पीडोफीलिया)]] नाम की बीमारी से ग्रस्त हैं। गवाहों की गवाही अधूरी है इस मुद्दे को देखते हुए जज ने आसाराम की जमानत याचिका खारिज कर दी।<ref>{{cite news|title=आसाराम को है बच्चों का यौन शोषण करने की बीमारी|url=http://www.livehindustan.com/news/desh/national/article1-story-39-39-367485.html|newspaper=[[हिन्दुस्तान]], [[नई दिल्ली]]/[[जोधपुर]]|date=2 अक्टूबर 2013|accessdate=2 अक्टूबर 2013|archive-url=https://web.archive.org/web/20131004213326/http://www.livehindustan.com/news/desh/national/article1-story-39-39-367485.html|archive-date=4 अक्तूबर 2013|url-status=dead}}</ref> आरोपों की आँच उनके बेटे नारायण साईं तक पहुँच चुकी है। वह अभी तक फरार है और पुलिस के हाथ नहीं आ रहा। इन हालात को देखते हुए न्यायालय ने उन्हें न्यायिक हिरासत में रखने का निर्णय लिया है। फ़िलहाल आसाराम न्यायिक हिरासत में रहेंगे। दुष्कर्म के आरोप में फंसे आसाराम के केस के 1 गवाह कृपाल सिंह की शनिवार रात रहस्यमयी मौत हो गई। उन्हें शुक्रवार रात घर लौटते समय अज्ञात बाइक सवार बदमाशों ने गोली मारी थी। हालत बिगड़ने पर उन्हें शुक्रवार देर रात ही बरेली के मिशन हॉस्पिटल के लिए रेफर कर दिया गया था, जहां उनकी मौत हो गई। <ref>{{Cite web |url=http://www.jagran.com/news/national-witness-in-asaram-case-shot-dead-12585516.html?src=p1 |title=संग्रहीत प्रति |access-date=13 जुलाई 2015 |archive-url=https://web.archive.org/web/20150714204612/http://www.jagran.com/news/national-witness-in-asaram-case-shot-dead-12585516.html?src=p1 |archive-date=14 जुलाई 2015 |url-status=live }}</ref> यौन शोषण के मामले में जोधपुर जेल में बंद आसाराम को 25 अप्रेल 2018 बुधवार को जोधपुर की विशेष अदालत ने आरोपी मानते हुए दाेेेषी करार दिया गया।<ref>{{cite web|url=https://www.nayaindia.com/top-news-in-hindi/asaram-in-tension-with-fear-of-punishment-nationalnews.html|title=बलात्कार मामले में आसाराम दोषी करार|date=25 April 2018|work=Naya India Team|access-date=25 अप्रैल 2018|archive-url=https://web.archive.org/web/20180425183651/https://www.nayaindia.com/top-news-in-hindi/asaram-in-tension-with-fear-of-punishment-nationalnews.html|archive-date=25 अप्रैल 2018|url-status=dead}}</ref> इस फैसले के बाद जोधपुर की सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। सजा के खिलाफ हाई कोर्ट में याचिका दायर की गई है जिसको हाई कोर्ट ने स्वीकार करते हुए बहस जारी है
सारांश:
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