खोज परिणाम
इस विकि पर "असमिया साहित्य" नाम का पृष्ठ बनाएँ! खोज परिणाम भी देखें।
- | टीका-टिप्पणी = [[साहित्य अकादमी पुरस्कार]] ([[साहित्य अकादमी पुरस्कार असमिया|असमिया]]) से सम्मानित ...]], [[निबंधकार]] और [[पत्रकार]] थे। वे [[साहित्य अकादमी, दिल्ली]] और [[असम साहित्य सभा]] के अध्यक्ष रहे। ...५ KB (८१ शब्द) - २२:०२, १५ जून २०२०
- ...ंभ से उन्नीसवीं शती के अंत तक इनका आलेखन होता रहा। बुरंजी राष्ट्रीय असमिया साहित्य का अभिन्न अंग हैं। गदाधर सिंह के राजत्वकाल में पुरनि असम बुरंजी का निर्माण ...माध्यम से असम प्रदेश के मध्ययुग का काफी व्यवस्थित इतिहास उपलब्ध है। बुरंजी साहित्य के अंतर्गत '''कामरूप बुरंजी, कछारी बुरंजी, आहोम बुरंजी, जयंतीय बुंरजी, बेलि ...६ KB (११ शब्द) - ००:१७, ५ मार्च २०२०
- ...िवार की [[ब्राहुई भाषा|ब्राहुई]] भाषा भी बोली जाती है जिसपर [[बलोच भाषा और साहित्य|बलूची]] और [[पश्तो भाषा|पश्तो]] जैसी भाषाओं का असर देखने को मिलता है। * [[हिंदी की विभिन्न बोलियाँ और उनका साहित्य]] ...९ KB (६२ शब्द) - १४:१९, १५ जून २०२०
- | टीका-टिप्पणी = [[साहित्य अकादमी]] पुरस्कार से सम्मानित ...mi/awards/akademi%20samman_suchi_h.jsp | title=अकादमी पुरस्कार | publisher=साहित्य अकादमी | accessdate=11 सितंबर 2016 | archive-url=https://web.archive.org/we ...१२ KB (२८७ शब्द) - ०९:३१, १९ अक्टूबर २०२०
- '''बाल साहित्य''' छोटी उम्र के बच्चो को ध्यान में रख कर लिखा गया [[साहित्य]] होता है। == हिन्दी में बाल साहित्य == ...१३ KB (१६५ शब्द) - १०:३७, १ जून २०२१
- * [[बलोच भाषा और साहित्य|बलोची]] ...१६ KB (१,२४४ शब्द) - १०:३६, ४ मार्च २०२०
- ...त]] में इसे [[हिन्दी|हिंदी]] एवं अन्य भारतीय भाषाओं में सामान्यतः ‘आदिवासी साहित्य' कहा जाता है। == आदिवासी साहित्य की उपलब्धता == ...२४ KB (३४० शब्द) - १६:३३, २८ जून २०२१
- ...्री जयदयाल गोयन्दका]] थे। इस सुदीर्घ अन्तरालमें यह संस्था सद्भावों एवं सत्-साहित्य का उत्तरोत्तर प्रचार-प्रसार करते हुए भगवत्कृपा से निरन्तर प्रगति के पथ पर अ ...़ रामचरित मानस की प्रतियाँ हैं। गीता प्रेस में प्रकाशित महिला और बालोपयोगी साहित्य की 10.30 करोड़ प्रतियों पुस्तकों की बिक्री हो चुकी है। ...१८ KB (१९४ शब्द) - २०:१५, १४ जनवरी २०२१
- '''अपभ्रंश''', आधुनिक भाषाओं के उदय से पहले [[उत्तर भारत]] में बोलचाल और साहित्य रचना की सबसे जीवन्त और प्रमुख भाषा (समय लगभग छठी से १२वीं शताब्दी)। भाषावैज ...प्रकार जो भाषा तीसरी सदी में आभीर आदि जातियों की लोकबोली थी वह छठी शती से साहित्यिक भाषा बन गई और ११वीं शती तक जाते-जाते शिष्टवर्ग की भाषा तथा राजभाषा हो गई। ...२६ KB (२९९ शब्द) - १४:१९, २३ जून २०२१
- ** [[यूक्रेनी भाषा एवं साहित्य|युक्रेनियन]] ([[युक्रेन|यूक्रेन]]) ...३१ KB (४१० शब्द) - १०:५७, १ अक्टूबर २०२०
- * [http://www.lakesparadise.com/madhumati/show_artical.php?id=1182 संस्कृति, साहित्य और लिपि-संदर्भ राष्ट्रभाषा]{{Dead link|date=जून 2020 |bot=InternetArchiveBo ...२१ KB (२५२ शब्द) - १७:४५, १५ जुलाई २०२१
- ...or1-last= |editor1-link= |others= |title=स्वाधीनता संग्राम के क्रान्तिकारी साहित्य का इतिहास |url=http://www.worldcat.org/title/svadhinata-sangrama-ke-krantik ...or1-last= |editor1-link= |others= |title=स्वाधीनता संग्राम के क्रान्तिकारी साहित्य का इतिहास |url=http://www.worldcat.org/title/svadhinata-sangrama-ke-krantik ...४० KB (५२७ शब्द) - १५:२५, २७ फ़रवरी २०२१
- ...न भारतीय विज्ञान तथा तकनीक|विज्ञान]], [[भारतीय कला|कला]], [[भारतीय साहित्य|साहित्य]], [[भारतीय गणित|गणित]], [[खगोलशास्त्र]], [[प्राचीन प्रौद्योगिकी]], [[धर्म] ...ा है। कुछ लोग इसे भारतीय पारंपरिक मूल्यों का हनन भी मानते हैं। विज्ञान तथा साहित्य में अधिक प्रगति न कर पाने की वजह से भारतीय समाज यूरोपीय लोगों पर निर्भर होत ...१७० KB (५,३९६ शब्द) - १७:०६, १ अगस्त २०२६
- ...क सम्पर्क स्थापित करना। [[कन्नड़ भाषा|कन्नडभाषी]] व्यक्ति और [[असमिया भाषा|असमियाभाषी]] व्यक्ति के बीच की भाषिक दूरी को भाषान्तरण के द्वारा ही दूर किया जाता ...नुवाद सामग्री का बहुलांश साहित्यिक रचनाएँ होती थीं, जिनका अनुवाद रचनाओं की साहित्यिक प्रकृति की सीमाओं के कारण पाठक की आशा के अनुरूप नहीं हो पाता था। साथ ही य ...२९४ KB (१,६७९ शब्द) - १७:५०, १३ अगस्त २०२१