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कार्तवेली भाषाएँ

भारतपीडिया से
कॉकस क्षेत्र में कार्तवेली भाषाओँ का फैलाव

कार्तवेली भाषाएँ (जोर्जियाई: ქართველური ენები, अंग्रेज़ी: Kartvelian languages) या दक्षिण कॉकसी भाषाएँ (South Caucasian) कॉकस क्षेत्र में मुख्य रूप से जोर्जिया में बोली जानी वाली भाषाओँ का एक समूह है। जोर्जिया के आलावा इन्हें रूस, संयुक्त राज्य अमेरिका, यूरोप, इस्राइल और पूर्वोत्तरी तुर्की में भी जहाँ-तहाँ बोला जाता है।[][] दुनिया भर में इन्हें बोलने वालों की संख्या क़रीब ५२ लाख अनुमानित की गई है। इन भाषाओँ का विश्व की अन्य भाषाओँ से कोई सम्बन्ध ज्ञात नहीं है।[] जोर्जियाई भाषा सबसे अधिक बोले जानी वाली कार्तवेली भाषा है और इसे जोर्जिया की राष्ट्रभाषा होने का गौरव प्राप्त है। विश्व की सबसे पुरानी कार्तवेली लिखाई सन् ४४० ईसवी में बेथलहम शहर के जोर्जियाई ईसाई मठ में लगे एक शिलालेख पर मिलती है।[][]

इन्हें भी देखें[सम्पादित करें | स्रोत सम्पादित करें]

सन्दर्भ[सम्पादित करें | स्रोत सम्पादित करें]

  1. "Languages of Israel".[१]Retrieved 14 मई 2012.
  2. "Ethnologue entry about the Kartvelian language family".[२]Retrieved 14 मई 2012.
  3. Dalby (2002), p. 38
  4. Lang (1966), p. 154
  5. Ruhlen (1987), p. 72