खोज परिणाम
दिखावट
इस विकि पर "ग्रह विज्ञान" नाम का पृष्ठ बनाएँ! खोज परिणाम भी देखें।
- {{About|ब्रह्माण्ड के [[हिन्दू]] वर्णन|ब्रह्माण्ड के [[विज्ञान|वैज्ञानिक]] विवरण|ब्रह्माण्ड}} ...षेत्र, तत्वों के "मूल" रूप से निर्मित है जोकि स्वतन्त्र हैं, जबकि सम्पूर्ण ग्रह, उपग्रह्, तारे आदि इन्हीं तत्वों के किसी कारणवश आपस में जुडने और जुड़ कर टु ...५ KB (३ शब्द) - १२:१५, १८ जुलाई २०२१
- {{विज्ञान का इतिहास}} ...{Cite web |url=http://www.astronomytrek.com/history-of-astronomy/ |title=संग्रहीत प्रति |access-date=28 अगस्त 2018 |archive-url=https://web.archive.org/web ...५ KB (३२२ शब्द) - ०५:१३, १७ सितम्बर २०२०
- ...प्रैल 2015 |url-status=live }}</ref> पृथ्वी द्रव्यमान अक्सर चट्टानी स्थलीय ग्रहों के द्रव्यमान का वर्णन करने के लिए प्रयोग किया जाता है | [[सौर मण्डल|सौर मंडल]] के चार [[स्थलीय ग्रह]]ों, [[बुध (बहुविकल्पी)|बुध]], [[शुक्र]], [[पृथ्वी]] और [[मंगल]] के द्रव्यम ...४ KB (२३२ शब्द) - १४:४९, २४ जून २०२१
- ...त [[त्रिज्या]] है। इस संख्या का प्रयोग [[खगोल शास्त्र|खगोलशास्त्र]] और [[भूविज्ञान]] में बहुत होता है और इसे {{Earth radius}} द्वारा चिन्हित किया जाता है।<ref [[श्रेणी:ग्रह विज्ञान]] ...१ KB (३० शब्द) - १३:३३, ९ अप्रैल २०२०
- ...प्रसिद्ध अमेरिकी विज्ञान कथा मनोरंजन कार्यक्रम, [[स्टार ट्रेक]], उनके लिए, विज्ञान का पहला प्रदर्शन था। इसरो की नौकरी उनकी पहली नौकरी थी और यहाँ काम करते हुए ...उप-ऑपेरशन संचालक के रूप में काम किया। भारत के सफल मंगल अभियान से पहले मंगल ग्रह के लिए किये जाने वाले मिशन में सफलता की दर केवल 40% ही थी और भारत इसे पहली ...४ KB (१५२ शब्द) - ०९:५८, १६ सितम्बर २०२०
- ...पश्चिमी देशों में रहना वाला हो। भविष्य जानने का तरीका भले ही अलग है परंतु ग्रह और ज्योतिष सिद्धांत को वह भी स्वीकार करते हैं एवं कई स्थानों पर दोनों में स आकाश मंडल में ग्रहों की चाल और गति का मानव जीवन पर सूक्ष्म प्रभाव पड़ता है। इस प्रभाव का अध्यय ...८ KB (३२ शब्द) - १४:३६, १५ जून २०२०
- ...स्थित ग्रहों की आपसी दृष्टि सम दृष्टि कहलाती है। 1,4,7,10 भावों में स्थित ग्रहों की आपसी दृष्टि शत्रु दृष्टि कहलाती है। [[वर्ष कुण्डली]] में मुन्था का भी महत्व काफी है। मुन्था को हम ग्रह के जैसे मानते हैं। वर्ष कुण्डली में जिस भाव में मुन्था स्थित होती है उस भाव ...७ KB (१६ शब्द) - २१:०६, १५ जून २०२०
- ...र ग्रह, सूरज के चारों तरफ घूमते हैं या इसको इस तरह से कहें कि सूरज और सारे ग्रह पृथ्वी के सापेक्ष इन १२ तारा समूहों से गुजरते हैं। यह किसी अन्य तारा समूह क {{छद्म विज्ञान}} ...४ KB (१४ शब्द) - १२:१६, ७ जून २०२१
- ...]] पैदा करने के उद्देश्य से राष्ट्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद तथा [[विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय]] के तत्वावधान में हर [[साल]] 28 फरवरी को [[भारत] राष्ट्रीय विज्ञान दिवस रमन प्रभाव की खोज के कारण मनाया जाता है। इस खोज की घोषणा भारतीय वैज्ञा ...१० KB (१०५ शब्द) - २२:३२, २७ अगस्त २०२१
- | affiliation = [[ग्रह]], [[असुर]], [[देव]] ...नव जीवन एवं पूरी सृष्टि पर अत्यधिक प्रभाव रहता है। कुछ मनुष्यों के लिये ये ग्रह ख्याति पाने का अत्यंत सहायक रहता है। केतु को प्रायः सिर पर कोई रत्न या तारा ...१३ KB (१९९ शब्द) - ००:५५, २८ अगस्त २०२१
- [[चित्र:ALH84001 structures.jpg|thumb|right|200px|[[मंगल (ग्रह)|मंगल ग्रह]] से आए उल्कापिंड ए॰ऍल॰एच॰८४००१ में कुछ बारीक़ संरचनाएँ नज़र आई जो शायद [[स ...:Plagiomnium affine laminazellen.jpeg|thumb|200px|यह ज्ञात नहीं है के अन्य ग्रहों के जीव भी [[कोशिकाओं]] (सेल) के बने होंगे या नहीं - यह एक पौधे की कोशिकाए ...१४ KB (१९० शब्द) - १२:३०, १६ जून २०२०
- ...की बात को कहता है, उसके लिये ही ज्योतिष विज्ञान का निर्माण किया गया है, इस विज्ञान के द्वारा जन्म समय के जो भी तत्व सामने होते हैं, उनके प्रभाव का असर प्रकॄति ...प्रकार से पता लगी थी कि मंगल का चेहरा एक बन्दर से मिलता है और मंगल एक लाल ग्रह है, इस बात के लिये कितनी बातें जो हम पिछले समय से सुनते आ रहे हैं,"लाल देह ...९ KB (२० शब्द) - १२:४८, २१ अक्टूबर २०२०
- [[चित्र:Planets are us.png|thumb|right|350px|हमारे सौरमण्डल के ग्रह - दायें से बाएं - बुध, शुक्र, पृथ्वी, मंगल, बृहस्पति, शनि, अरुण और वरुण ,यम [[चित्र:Star-sizes.jpg|thumb|200px|सौर मंडल के ग्रहों, सूर्य और अन्य पिंडों के तुलनात्मक चित्र]] ...२१ KB (१,७१४ शब्द) - १०:१०, १० अगस्त २०२१
- ....gif|right|thumb|300px|किसी ग्रह के चारो ओर उसके किसी उपग्रह की गति; इसमें ग्रह के ताक्षणिक वेग और त्वरण की दिशा पर ध्यान दीजिये।]] *[[गति विज्ञान]] ...७ KB (१२७ शब्द) - २०:३७, १० फ़रवरी २०२१
- == ग्रह पर स्थिति == ...हो तो सूर्य उसे सीधे अपने सिर के ऊपर दिखाई देगा। इसका यह भी अर्थ है कि आधा ग्रह पूरी तरह प्रकाशित होता है और इस समय दिन और रात लगभग बराबर होते हैं। ...१४ KB (२१४ शब्द) - ०७:४६, ६ अगस्त २०२१
- ...े गैस के बादलों में उत्पन्न होते हैं और विश्वास नहीं कर पाते हैं कि [[ग्रह|ग्रहों]] पर भी बुद्धिमान जीव उत्पन्न हो सकते है। ...७ KB (२५९ शब्द) - १८:३१, ७ फ़रवरी २०२१
- ...ं करना था वह हो चुका है और अब स्थिर मत अपनाने का समय आ गया है। [[धर्म]], [[विज्ञान]], [[दर्शनशास्त्र|दर्शन]], [[नीति]], [[राजनीति]] सभी सिद्धांत की अपेक्षा कर ...ते हैं कि बुद्धि, अब आगे आ नहीं सकती; शंका का स्थान विश्वास को लेना चाहिए। विज्ञान में समझते हैं कि जो खोज हो चुकी है, वह वर्तमान स्थिति में पर्याप्त है। इसे ...११ KB (३२४ शब्द) - १८:३९, ७ मार्च २०२०
- ...ेडिकल ऐस्ट्रॉलॉजी कहते हैं। इसे नैदानिक ज्योतिषशास्त्र तथा ज्योतिषीय विकृतिविज्ञान भी कहा जा सकता है। यद्यपि ‘‘चिकित्सा ज्योतिष’’ नया शब्द है तथा इसका नाम भी ...मृत्यु आदि के ज्ञान हेतु चरस संहिता, सुश्रुत संहिता, भेल संहिता, अष्टांग संग्रह, अष्टांग हृदय, चक्रदत्त, शारंगधर, भाव प्रकाश, माधव निदान, योगरत्नाकर तथा कश ...२० KB (२१ शब्द) - १७:३९, ८ मई २०१८
- ...र यान द्वारा सत्य सिद्ध हुए। १९८० में उन्हें हमारे निकट की सूर्यमाला के एक ग्रह पर मनुष्य की प्रतीति हुई।<ref name="अ" /> अपनी इन समाधिगत यात्राओं एवं अनुभ # '''वैदिक विज्ञान व वेदकाल निर्णय''' ...१५ KB (२९१ शब्द) - ०७:२९, २७ अप्रैल २०१९
- | caption =सौर मंडल का मुख्य रूप - 8 [[ग्रह]], 1 [[बौना ग्रह]], क्षुद्रग्रह पट्टी तथा एक [[धूमकेतू]] को दर्शाता हुआ (पैमाने के अनुसार नह ...=3 जुलाई 2017 |url-status=live }}</ref>}} और |{{smaller|347 [[हीन ग्रह|हीन ग्रहीय]]<ref name="MPMJohnston">{{cite web |date=12 April 2018 |title=Asteroids ...४८ KB (१,१२२ शब्द) - १३:०१, ६ अगस्त २०२१